देशके सबसे बड़े उद्योग घराने टाटा समूह के बाद अब देश की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी इन्फोसिस में प्रमोटर और बोर्ड के बीच मतभेद सामने रहे हैं। प्रमोटरों ने एमडी और सीईओ विशाल सिक्का के सैलरी पैकेज के साथ उनके कुछ फैसलों पर सवाल उठाए हैं। इनमें दो पूर्व एक्जीक्यूटिव्स को कंपनी छोड़ते वक्त भारी-भरकम पैसे देना (सेवरेंस पैकेज) भी शामिल है।
ग्रेहाउंड रिसर्च के सीईओ संचित वीर गोगिया ने कहा, ‘प्रमोटरों की चिट्ठी में गवर्नेंस को लेकर जो सवाल उठाए गए हैं, संभव है उसमें कुछ सच्चाई हो। लेकिन अभी कुछ भी साबित नहीं हुआ है। किसी कंपनी को कैसे चलाया जाए, इस पर हमेशा मतभेद रहेंगे। खासकर तब जब प्रमोटर कंपनी में नहीं हैं। प्रमोटरों का हस्तक्षेप करना ठीक है और उम्मीद के मुताबिक भी। हमने टाटा संस में भी हाल में ऐसा देखा है।
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